विदेश में डेस्टिनेशन वेडिंग की योजना कैसे बनाएं

विदेश में शादी करने के लिए 8-12 महीने पहले से प्लानिंग शुरू करें। सबसे पहले बजट तय करें, फिर देश और वेन्यू चुनें। लीगल रिक्वायरमेंट्स चेक करके गेस्ट लिस्ट फाइनल करें।

  1. बजट निर्धारण और देश चुनें. प्रति व्यक्ति ₹1.5-3 लाख का बजट रखें। थाईलैंड, बाली, गोवा जैसी जगहों पर भारतीयों के लिए आसान प्रोसेस है। यूरोप महंगा पड़ेगा लेकिन फोटोज बेहतरीन आएंगी।
  2. वेडिंग प्लानर या रिसॉर्ट से संपर्क करें. स्थानीय वेडिंग प्लानर हायर करें या ऑल-इन्क्लूसिव रिसॉर्ट्स देखें। अनंतरा, ताज जैसे भारतीय ब्रांड्स बेहतर समझते हैं हमारी रीति-रिवाज़।
  3. कानूनी औपचारिकताएं पूरी करें. भारत में रजिस्ट्रेशन कराना आसान है। विदेश में करना हो तो 30 दिन पहले नोटिस देना पड़ता है। दस्तावेज़ अपोस्टिल कराने में 2-3 सप्ताह लगते हैं।
  4. गेस्ट लिस्ट और ट्रैवल अरेंज करें. 30-50 लोगों तक सीमित रखें। ग्रुप बुकिंग के लिए एयरलाइन्स से डिस्काउंट मिलता है। गेस्ट्स के लिए 6 महीने पहले सेव द डेट भेजें।
  5. मेहंदी, संगीत और सेरेमनी प्लान करें. 3 दिन की इवेंट प्लानिंग करें। मेहंदी आर्टिस्ट, डीजे और फोटोग्राफर स्थानीय हायर करें या भारत से ले जाएं। ट्रांसपोर्टेशन कॉस्ट एक्स्ट्रा होगी।
  6. फूड और कैटरिंग व्यवस्था. होटल के इंडियन शेफ से बात करें या बाहर से कैटरर हायर करें। हल्दी, गुलाब जल जैसी चीज़ें भारत से ले जाना पड़ सकता है। कस्टम्स रूल्स चेक करें।
अगर बारिश हो गई तो क्या करें?
बैकअप इंडोर वेन्यू ज़रूर रखें। मॉनसून सीज़न अवॉयड करें। कवर्ड मंडप या टेंट का इंतज़ाम रखें।
कितने लोगों को इन्वाइट करना सही रहेगा?
30-50 लोग आइडियल हैं। ज्यादा लोग हों तो लॉजिस्टिक्स कॉम्प्लिकेटेड हो जाती है और कॉस्ट भी बहुत बढ़ जाती है।
शादी की रजिस्ट्रेशन भारत में करना बेहतर है या विदेश में?
भारत में करना आसान है। विदेश में रजिस्टर करने पर बाद में भारत सरकार से रिकग्निशन लेनी पड़ती है। कोर्ट मैरिज दिल्ली में करके विदेश में सिर्फ सेलिब्रेशन रखें।