हनीमून की प्लानिंग कैसे करें बिना ज्यादा खर्च के
हनीमून का बजट तय करने के लिए पहले अपनी कुल राशि निकालें, फिर उसे 40% होटल, 30% फ्लाइट, 20% खाना-पीना और 10% एक्टिविटीज में बांटें। 6-8 महीने पहले से प्लानिंग शुरू करें।
- कुल बजट तय करें. शादी के खर्च के अलावा जो पैसे बचे हैं, उसका 60-70% हनीमून के लिए रखें। बाकी इमरजेंसी के लिए छोड़ें।
- डेस्टिनेशन चुनें बजट के हिसाब से. 25,000-40,000 में गोवा/केरल, 60,000-80,000 में थाईलैंड/मलेशिया, 1-1.5 लाख में यूरोप का छोटा हिस्सा।
- खर्च का 40-30-20-10 रूल फॉलो करें. 40% होटल/रिसॉर्ट, 30% फ्लाइट/ट्रेन, 20% खाना-पीना, 10% शॉपिंग और एक्टिविटीज।
- अडवांस बुकिंग करें. 6-8 महीने पहले फ्लाइट बुक करें। होटल 3-4 महीने पहले। ऑफ-सीजन में जाने से 30-40% बचत।
- हनीमून पैकेज vs अलग-अलग बुकिंग चेक करें. MakeMyTrip, Yatra पर पैकेज और अलग-अलग बुकिंग की कीमत compare करें। कभी-कभी अलग-अलग सस्ता पड़ता है।
- दैनिक खर्च ट्रैक करें. हर दिन का 2000-3000 रुपया कैश रखें। कार्ड भी साथ रखें लेकिन डेली लिमिट सेट करें।
- हनीमून के लिए कितना पैसा रखना चाहिए?
- अपनी महीने की सैलरी का 2-3 गुना रखें। अगर 30,000 कमाते हैं तो 60,000-90,000 का बजट ठीक है।
- कैश लेकर जाएं या कार्ड?
- 50% कैश, 50% कार्ड। विदेश में फॉरेक्स कार्ड सबसे अच्छा। SBI, ICICI के फॉरेक्स कार्ड अच्छे हैं।
- ऑफ-सीजन में जाने से कितनी बचत?
- 30-50% तक बचत हो सकती है। गोवा में मॉनसून, यूरोप में विंटर में सस्ता मिलता है।
- हनीमून पैकेज बेहतर या अलग-अलग बुकिंग?
- पहले पैकेज देखें, फिर अलग-अलग बुकिंग की कीमत compare करें। छोटी जगहों के लिए पैकेज अक्सर सस्ता पड़ता है।